सोनभद्र से रिर्पोट
कृष्णा माइनिंग खदान हादसे को लेकर बड़े खुलासे सामने आए हैं। हादसे में अब तक 6 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि रेस्क्यू टीम अन्य लोगों की तलाश में लगातार जुटी है। चश्मदीदों के अनुसार, खदान धंसने के वक्त कुल 18 लोग अंदर काम कर रहे थे और सभी के दबे होने की आशंका जताई गई है।
हादसे के बाद खदान मालिक मधुसूदन सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मधुसूदन सिंह, दिलीप और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इस बीच, खदान की हिस्सेदारी को लेकर भी गंभीर दावे सामने आए हैं। बताया जा रहा है कि इस खदान में कुल 9 लोगों की हिस्सेदारी है, जिनमें एक चर्चित भाजपा नेता का कथित तौर पर 50% हिस्सा होने की बात सामने आई है। इसके अलावा, एक बड़े अफसर के रिश्तेदार के पास भी 10% हिस्सेदारी होने का दावा किया जा रहा है।
प्रशासनिक और राजनीतिक बयान आमने-सामने
डीएम का बयान
अब तक 5 शव मिलने की पुष्टि, एक और शव की तलाश जारी। चश्मदीद का दावा: कुल 18 लोग खदान में दबे हैं। मंत्री संजीव गोंड: खदान 3 दिन से बंद थी।डीएम का विरोधाभासी जवाब:- बंद करने का कोई आदेश जारी ही नहीं हुआ था। हादसे के बाद घटनास्थल पर मीडिया की एंट्री रोक दी गई है। बताया जा रहा है कि खदान में अवैध ब्लास्टिंग की शिकायतें पहले भी कई बार की गई थीं, लेकिन जिला प्रशासन पर आरोप है कि इन शिकायतों को नजरअंदाज कर दिया गया। रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और प्रशासन पर लगातार सवाल उठ रहे हैं।



