नई दिल्ली
सुप्रीम कोर्ट ने कोयला घोटाला मामले में पूर्व प्रधानमंत्री Manmohan Singh को निचली अदालत द्वारा जारी किए गए समन को गलत ठहराया है। मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि ट्रायल कोर्ट ने सीबीआई की दो क्लोजर रिपोर्ट खारिज करते समय स्थापित कानूनी सिद्धांतों का पालन नहीं किया और समन जारी करने के लिए पर्याप्त व ठोस कारण भी नहीं थे।
सुप्रीम कोर्ट ने टिप्पणी की कि यदि यह मामला पूर्व प्रधानमंत्री का हो सकता है, तो आम नागरिक के मामले में भी अदालतों को समान कानूनी मानकों का पालन करना चाहिए। पीठ ने स्पष्ट किया कि किसी क्लोजर रिपोर्ट को अस्वीकार कर आरोपी को समन करने से पहले अदालत के पास पर्याप्त आधार होना आवश्यक है।
गौरतलब है कि वर्ष 2025 में निचली अदालत ने सीबीआई की दो क्लोजर रिपोर्ट खारिज करते हुए पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को समन जारी किया था। इस आदेश को मनमोहन सिंह ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। हालांकि, उनके निधन के करीब डेढ़ वर्ष बाद अब शीर्ष अदालत ने फैसला सुनाते हुए निचली अदालत के समन आदेश को गलत करार दिया।






