लखनऊ
जमीन खरीदने की जानकारी ने KGMU के असिस्टेंट नर्सिंग सुपरिटेंडेंट पवन कुमार गर्ग को अपराधियों के निशाने पर ला दिया। पुरानी पहचान के आधार पर आरोपियों को उनके पास 50 से 60 लाख रुपये नकद होने की जानकारी मिली थी। इसके बाद जमीन दिखाने के बहाने पवन को बुलाकर अपहरण कर लिया गया। उनके साथ पहुंचे दोस्त सचिन विश्वकर्मा भी आरोपियों के चंगुल में फंस गए। दोनों से 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई, लेकिन रकम नहीं मिलने पर आरोपियों ने उनकी हत्या कर दी।
डीसीपी उत्तरी अमित कुमार आनंद के मुताबिक इटौंजा में मिठाई की दुकान चलाने वाला नितिन मिश्रा उर्फ डब्लू महाराज वारदात का मुख्य साजिशकर्ता है। उसने चार साथियों के साथ मिलकर अपहरण की योजना बनाई थी। 27 सितंबर की रात जमीन दिखाने के बहाने पवन को भिठौली क्रॉसिंग बुलाया गया। पवन अपने दोस्त सचिन के साथ वहां पहुंचे, जहां से दोनों को ढाबे पर ले जाया गया।




