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अटल स्मृति संध्या में कुमार विश्वास का नाम न होना चर्चा में, अशोक चक्रधर देंगे काव्यांजलि

 

लखनऊ

पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर रविवार को राजधानी में ‘अटल स्मृति संध्या’ का आयोजन किया जाएगा। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के संयोजन में होने वाले इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम में वरिष्ठ कवि अशोक चक्रधर अपनी रचनाओं के माध्यम से अटल जी को काव्यांजलि देंगे।

कार्यक्रम की तैयारियों के बीच इस बार कवि कुमार विश्वास का नाम शामिल न होने को लेकर राजनीतिक और साहित्यिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। पिछले कई आयोजनों में कुमार विश्वास अटल स्मृति संध्या का हिस्सा रहे हैं, लेकिन इस बार जारी कार्यक्रम में उनका नाम नजर नहीं आ रहा है। इससे उनके प्रशंसकों और साहित्यिक जगत में भी सवाल उठने लगे हैं।

कुमार विश्वास की अनुपस्थिति को इसी वर्ष मार्च में सामने आए एक घटनाक्रम से जोड़कर भी देखा जा रहा है। मार्च में एक सार्वजनिक मंच से कुमार विश्वास ने डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक पर तंज कसा था। इसके बाद अब अटल स्मृति संध्या में उनका नाम नहीं होने को लेकर तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। हालांकि, उन्हें कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किए जाने की कोई आधिकारिक वजह आयोजकों की ओर से सामने नहीं आई है। ऐसे में इसके पीछे किसी तरह के विवाद या व्यक्तिगत कारण को लेकर की जा रही चर्चाएं फिलहाल अटकलों तक ही सीमित हैं।

‘अटल स्मृति संध्या’ में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के व्यक्तित्व, कृतित्व, उनकी ओजस्वी कविताओं और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को याद किया जाएगा। अटल जी का साहित्य और कविता के प्रति विशेष अनुराग रहा था। इसी को ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम में काव्य प्रस्तुतियों के जरिए उन्हें श्रद्धांजलि दी जाएगी।

इस बार अशोक चक्रधर की काव्य प्रस्तुति कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहेगी। उनकी हास्य-व्यंग्य और साहित्यिक शैली के जरिए अटल जी की स्मृतियों को मंच पर जीवंत करने का प्रयास किया जाएगा। कार्यक्रम में राजनीतिक, सामाजिक और साहित्यिक क्षेत्र से जुड़े लोगों के भी शामिल होने की संभावना है।

वहीं, कुमार विश्वास का नाम कार्यक्रम में नहीं होने से आयोजन शुरू होने से पहले ही यह कार्यक्रम राजनीतिक और साहित्यिक चर्चा के केंद्र में आ गया है। आधिकारिक तौर पर कारण स्पष्ट होने तक इसे लेकर उठ रही चर्चाओं पर आयोजकों की ओर से कोई टिप्पणी नहीं की गई है।

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