महराजगंज से श्रीनरायन गुप्ता
नौतनवा तहसील में तैनात उपनिबंधक संदीप गौड़ का स्थानांतरण मुरादाबाद जनपद के सदर द्वितीय कार्यालय में कर दिया गया है। उपनिबंधक के स्थानांतरण की खबर मिलते ही नौतनवा तहसील के अधिवक्ताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं आंदोलन से जुड़े लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई।
बताया जाता है कि उपनिबंधक के खिलाफ नौतनवा विधानसभा क्षेत्र के चर्चित किसान नेता एवं अधिवक्ता नागेंद्र प्रसाद शुक्ला लंबे समय से आंदोलन चला रहे थे। उन्होंने प्रथम चरण में 46 दिनों तक क्रमिक अनशन किया था। बाद में तत्कालीन जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा के आश्वासन पर आंदोलन स्थगित कर दिया गया था।
इसके बावजूद कार्रवाई में देरी होने पर नागेंद्र प्रसाद शुक्ला ने 5 सितंबर 2025 से पुनः क्रमिक अनशन शुरू किया, जो लगातार 200 दिनों तक जारी रहा। आंदोलन के दौरान उन्होंने जिलाधिकारी महाराजगंज के साथ-साथ स्टांप एवं पंजीयन मंत्री रविंद्र जायसवाल से भी व्यक्तिगत मुलाकात कर शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद शासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उपनिबंधक का स्थानांतरण आदेश जारी कर दिया।
आज आंदोलन के 200 दिन पूरे होने पर अपर महानिरीक्षक निबंधन, लखनऊ सुधीर कुमार द्वारा भेजे गए स्थानांतरण आदेश की सूचना मिलने के बाद नागेंद्र प्रसाद शुक्ला ने कहा कि उनका आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक उपनिबंधक को नौतनवा तहसील से विधिवत रिलीव नहीं कर दिया जाता।
उन्होंने कहा कि, “भले ही न्याय मिलने में विलंब हुआ, लेकिन अंततः सत्य और न्याय की जीत हुई है। यह जीत अधिवक्ताओं, मीडिया कर्मियों, राजनीतिक सहयोगियों और समर्थकों की एकजुटता का परिणाम है।”
श्री शुक्ला ने आंदोलन के दौरान सहयोग करने वाले सभी सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों तथा आम नागरिकों के प्रति आभार भी व्यक्त किया।
उपनिबंधक के स्थानांतरण की खबर मिलते ही रेवेन्यू बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश कुमार श्रीवास्तव सहित रविंद्र नाथ त्रिपाठी, अनिल कुमार शर्मा, अशोक तिवारी, राम अंजोर यादव, दीपेंद्र प्रजापति, शेख शमसुद्दीन, सुधीर शुक्ला, मुकेश तिवारी, योगेंद्र लाल श्रीवास्तव, जगनारायण विश्वकर्मा, बृजेश विश्वकर्मा, राजीव कुमार सिंह, बुद्धेश्वर, हबीब खान, अनिल चौधरी, राजेश चौधरी समेत तमाम अधिवक्ताओं ने खुशी जताई। उन्होंने इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ संघर्ष की जीत बताया।





