प्रयागराज
समीक्षा अधिकारी (RO) एवं सहायक समीक्षा अधिकारी (ARO) परीक्षा-2023 के चयनित अभ्यर्थियों की ज्वाइनिंग पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अंतरिम रोक लगा दी है। इस फैसले के बाद चयनित अभ्यर्थियों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। मामले की अगली सुनवाई जल्द होने की संभावना है।
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 5 अप्रैल 2026 को घोषित अंतिम परिणाम में कुल 419 अभ्यर्थियों का चयन किया गया। इनमें 176 अभ्यर्थी अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) से हैं, जो कुल चयन का लगभग 42 प्रतिशत है। वहीं सामान्य वर्ग का प्रतिनिधित्व करीब 28 प्रतिशत बताया गया है।
भर्ती परिणाम जारी होने के बाद प्रतिनिधित्व को लेकर बहस तेज हो गई है। सामान्य वर्ग के कुछ अभ्यर्थियों ने चयन प्रक्रिया और आरक्षण व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। दूसरी ओर, आयोग का कहना है कि चयन प्रक्रिया नियमानुसार और मेरिट के आधार पर पूरी की गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि चयन में किसी वर्ग की अधिक भागीदारी का अर्थ यह नहीं होता कि उसे उतना आरक्षण दिया गया है, क्योंकि कई अभ्यर्थी सामान्य मेरिट के आधार पर भी चयनित होते हैं।
फिलहाल हाईकोर्ट की अंतरिम रोक के चलते चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रक्रिया प्रभावित हुई है और सभी की नजर अब अदालत के अंतिम निर्णय पर टिकी है।






